
जीवन के रंग अनेक, लें हर रंगों को देख।मद्धिम चटक सभी रंगों का, अलग-अलग अंदाज़।शांति प्रदाता कुछ हैं तो, कुछ खुशियांँ देते ख़ास।बिखरा दे सबको प्रकृति में, बिखरे ख़ुशी कतेक।रोचक,प्रेरक रंग बिखेरें,रौंदे हम व्यक्तिरेक।जीवन के रंग अनेक, लें हर रंगों को देख।खु़शहाली के साथ में ये, प्यार के घोलें रंग।रेशम के नाजुक धागे में, बाँध दें सबको संग।हे प्रभु! यह धागा ना टूटे,ना ही कभी टूटे ढंग।हर पल को हम भी बिहंँसें,विषाद देख के होवे दंग।शब्द पुष्प अपनों को दे-...